कैबिनेट मंत्री ने की बीडा क्षेत्र के विकास कार्यों की समीक्षा,आधारभूत परियोजनाओं में तेजी लाने के निर्देश
झांसी: मंत्री नन्द गोपाल गुप्ता ‘नंदी’ , कैबिनेट मंत्री, औद्योगिक विकास, निर्यात प्रोत्साहन, एनआरआई एवं निवेश प्रोत्साहन विभाग, उत्तर प्रदेश शासन की अध्यक्षता में रविवार को बुन्देलखण्ड औद्योगिक विकास प्राधिकरण (BIDA), झांसी की समीक्षा बैठक सम्पन्न हुई। बैठक में बीडा क्षेत्र में संचालित विकास परियोजनाओं, भूमि अर्जन, जल एवं विद्युत आपूर्ति तथा आधारभूत ढांचे के विकास कार्यों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई तथा आवश्यक दिशा-निर्देश प्रदान किए गए।
बैठक में आलोक कुमार, अपर मुख्य सचिव, अवसंरचना एवं औद्योगिक विकास विभाग, उत्तर प्रदेश शासन की उपस्थिति में विभिन्न परियोजनाओं की प्रगति पर चर्चा की गई। इस अवसर पर विधायक सदर रवि शर्मा, विधायक बबीना राजीव सिंह पारीछा, विधायक गरौठा जवाहर लाल राजपूत, विधान परिषद सदस्य रामतीर्थ सिंघल, विधान परिषद सदस्य श्रीमती रमा निरंजन, जिला पंचायत अध्यक्ष पवन गौतम, सांसद प्रतिनिधि मनीष दीक्षित, मण्डलायुक्त झांसी मण्डल विमल कुमार दुबे, मुख्य कार्यपालक अधिकारी बीडा संजय कुमार खत्री, जिलाधिकारी झांसी गौरांग राठी सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
बैठक में भूमि अर्जन कार्यों की समीक्षा करते हुए बताया गया कि ग्राम परासई, बमेर, बरुआपुरा, मठ, राजापुर, कलोथरा, ढिकोली, अम्बाबाय, मुरारी एवं सारमऊ सहित विभिन्न ग्रामों में भू-अर्जन का कार्य तीव्र गति से संचालित है। मुख्य कार्यपालक अधिकारी द्वारा अवगत कराया गया कि अब तक कुल 25,706 एकड़ भूमि का अर्जन किया जा चुका है तथा शेष भूमि के दर निर्धारण की प्रक्रिया पूर्ण कर अर्जन कार्य में तेजी लाई जाएगी।
महायोजना-2045 के अंतर्गत बीडा के लिए एक्सपर्ट अप्रेजल कमेटी द्वारा पर्यावरणीय स्वीकृति की संस्तुति किए जाने की जानकारी दी गई। पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय, भारत सरकार से आगामी सप्ताह में पर्यावरणीय स्वीकृति प्राप्त होने की संभावना व्यक्त की गई, जिसके उपरांत मास्टर प्लान अनुमोदन हेतु शासन को प्रेषित किया जाएगा। बैठक में जलापूर्ति एवं विद्युत व्यवस्था की समीक्षा करते हुए प्रस्तावित 30 एमएलडी जलापूर्ति परियोजना, 132 केवी विद्युत पारेषण लाइन एवं संबंधित अवसंरचना विकास कार्यों को समयबद्ध रूप से पूर्ण करने के निर्देश दिए गए। साथ ही 132/33 केवी विद्युत उपकेंद्र एवं ओवरहेड लाइन निर्माण को अटल इंफ्रास्ट्रक्चर मिशन की कार्ययोजना में शामिल किए जाने की जानकारी दी गई।
बुन्देलखण्ड लिंक एक्सप्रेसवे के संबंध में अवगत कराया गया कि यूपीडा द्वारा बुन्देलखण्ड एक्सप्रेसवे से बीडा तक प्रस्तावित लिंक एक्सप्रेसवे के टर्मिनेशन प्वाइंट का एलाइनमेंट निर्धारित किया जा चुका है तथा भूमि अर्जन की कार्यवाही प्रक्रियाधीन है। कैबिनेट मंत्री ने निर्देश दिए कि भूमि अर्जन कार्य को प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र पूर्ण किया जाए ताकि परियोजना के क्रियान्वयन में विलंब न हो। मानव संसाधन की उपलब्धता पर चर्चा करते हुए अभियन्ताओं, नायब तहसीलदार, लेखपाल एवं पटल सहायकों की तैनाती शीघ्र किए जाने का अनुरोध किया गया। अपर मुख्य सचिव द्वारा निर्देशित किया गया कि बीडा क्षेत्र के किसानों एवं स्थानीय युवाओं को कौशल विकास प्रशिक्षण प्रदान किया जाए, जिससे वे प्रस्तावित औद्योगिक इकाइयों की आवश्यकताओं के अनुरूप दक्ष मानव संसाधन के रूप में विकसित हो सकें तथा स्वरोजगार के अवसर प्राप्त कर सकें।
बैठक में जनप्रतिनिधियों द्वारा क्षेत्रीय आवश्यकताओं, जनसुविधाओं, निवेश प्रोत्साहन तथा रोजगार सृजन को प्राथमिकता देते हुए विभिन्न सुझाव प्रस्तुत किए गए। मुख्य कार्यपालक अधिकारी ने बताया कि बीडा क्षेत्र में औद्योगिक इकाइयों, शिक्षण संस्थानों, कौशल प्रशिक्षण केंद्रों, चिकित्सालयों एवं अन्य आधारभूत सुविधाओं की स्थापना से बुन्देलखण्ड क्षेत्र में व्यापक स्तर पर रोजगार सृजन होगा तथा यह क्षेत्र औद्योगिक एवं आर्थिक गतिविधियों का प्रमुख केंद्र बनकर विकसित होगा।
बैठक के समापन पर मंत्री ने अवशेष भूमि अर्जन कार्य को प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए। साथ ही जलापूर्ति, विद्युत आपूर्ति, सड़क एवं अन्य आधारभूत परियोजनाओं को गुणवत्ता मानकों एवं निर्धारित समयसीमा के अनुरूप तेजी से पूर्ण करने पर बल दिया। उन्होंने निवेश प्रोत्साहन, रोजगार सृजन तथा स्थानीय उद्यमियों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित किए जाने के निर्देश देते हुए किसानों को भूमि अधिग्रहण से प्राप्त धनराशि के सुरक्षित एवं दीर्घकालिक उपयोग हेतु वित्तीय प्रबंधन, निवेश एवं स्वरोजगार संबंधी जागरूकता कार्यक्रम संचालित किए जाने पर भी विशेष बल दिया।
रिपोर्ट अंकित साहू

No Previous Comments found.