मनरेगा श्रमिकों का 30 दिवसीय राजमिस्त्री प्रशिक्षण सम्पन्न
दुर्ग : R-SETI क़े तहत मनरेगा क़े चिन्हित श्रमिकों क़े लिए 30 दिवसीय राजमिस्त्री प्रशिक्षण कार्यक्रम सपन्न हुआ, यह कार्यक्रम बालोद जिला क़े विकासखंड गुरूर क़े ग्राम पंचायत सोरर मे ग्राम से चयनित 20 ग्रामीण श्रमिकों क़े लिए आयोजित किया गया, जिन्होंने विगत वित्तीय वर्ष मे महात्मा गाँधी रोजगार गारंटी योजना अंतर्गत न्यूनतम 60 दिवस का कार्य पूर्ण किया था, प्रशिक्षण की अवधि 08 दिसंबर 2025 से 06 जनवरी 2026 तक निर्धारित रहीI
काउंसलिंग क़े माध्यम से हुआ चयन :-
प्रशिक्षण क़े लिए इच्छुक एवं पात्र परिवारों का चयन जिला पंचायत सीईओ श्री सुनील कुमार चंद्रवंशी क़े मार्गदर्शन मे मुख्यकार्यपालन अधिकारी श्री उमेश रात्रे, जिला सहायक परियोजना अधिकारी मनरेगा ओ पी साहू एवं कार्यक्रम अधिकारी श्री योगेश कुमार देवांगन* क़े नेतृत्व एवं काउंसलिंग क़े माध्यम से किया गया!प्रशिक्षण क़े दौरान प्रतिभागियो को राजमिस्त्री कार्य का व्यवहारिक एवं तकनिकी ज्ञान प्रदान किया गया I
आवास योजना मे प्रशिक्षित राज मिस्त्रीयों की भूमिका :-
जिला समन्वयक श्री प्रभात साहू ने कहा की प्रधानमंत्री जी क़े सबके लिए आवास क़े संकल्प को साकार करनेे मे प्रशिक्षित राजमिस्त्रियों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है I
दक्ष और प्रशिक्षित श्रमिकों क़े माध्यम से आवास निर्माण कार्य तेजी से पूर्ण होगा I
स्वरोजगार और उद्यमिता की भी दी गई जानकारी:-
30 दिवसीय प्रशिक्षण में राजमिस्त्री कौशल के साथ-साथ प्रतिभागियों को बैंकिंग प्रक्रियाएं, ऋण व्यवस्था, सफल उद्यमिता, समय प्रबंधन, बिजनेस प्लान तैयार करना तथा स्वरोजगार के अवसरों से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी दी गई, ताकि वे प्रशिक्षण उपरांत आत्मनिर्भर बन सकें।
प्रमाण-पत्र वितरण, बैंक अधिकारी भी कार्यक्रम में मौजूद:-
समापन अवसर पर अग्रणी बैंक प्रबंधक व भारतीय स्टेट बैंक मुख्य शाखा बालोद के मुख्य शाखा प्रबंधक की गरिमामय उपस्थिति में प्रशिक्षण पूर्ण कर चुके हितग्राहियों को प्रमाण पत्र वितरित किए गए। इस अवसर पर भारतीय स्टेट बैंक ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान बालोद के निदेशक ने बताया कि संस्थान अप्रैल माह से जिले में संचालित हो रहा है तथा बेरोजगार युवक-युवतियों को स्वरोजगार से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। उन्होंने जानकारी दी कि संस्थान द्वारा जिले में 65 से अधिक प्रकार के स्वरोजगार प्रशिक्षण दिए जाते हैं, जिनमें ब्यूटीशियन, मोबाइल रिपेयरिंग, इलेक्ट्रिशियन, सिलाई, कृत्रिम ज्वेलरी निर्माण सहित अन्य व्यावसायिक प्रशिक्षण शामिल हैं।
रिपोर्टर : रमेश कुमार चेलक


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