एनसीआर औद्योगिक क्षेत्रों में श्रमिक सुरक्षा एवं औद्योगिक स्थिरता पर गंभीर चिंता,IIA ने सरकार से की खास मांग

एनसीआर क्षेत्र, विशेषकर नोएडा एवं ग्रेटर नोएडा, उत्तर प्रदेश के प्रमुख औद्योगिक केंद्रों के रूप में देश की अर्थव्यवस्था में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। यहां हजारों औद्योगिक इकाइयाँ न केवल बड़े पैमाने पर रोजगार सृजित करती हैं, बल्कि निवेश और उत्पादन के माध्यम से राज्य की औद्योगिक प्रगति को भी गति देती हैं। ऐसे संवेदनशील औद्योगिक वातावरण में किसी भी प्रकार की अस्थिरता सीधे तौर पर श्रमिकों की सुरक्षा, उत्पादन व्यवस्था और निवेश के भरोसे पर प्रभाव डाल सकती है। इसी संदर्भ में इंडियन इंडस्ट्रीज एसोसिएशन (IIA) ने हाल के घटनाक्रमों को लेकर गंभीर चिंता व्यक्त की है।
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इंडियन इंडस्ट्रीज एसोसिएशन (IIA) ने नोएडा एवं ग्रेटर नोएडा सहित एनसीआर के कुछ औद्योगिक क्षेत्रों में हाल के दिनों में उत्पन्न परिस्थितियों को लेकर गंभीर चिंता व्यक्त की है। एसोसिएशन के अनुसार, कुछ असामाजिक एवं अनधिकृत तत्वों द्वारा भ्रामक सूचनाएँ फैलाकर श्रमिकों को प्रभावित करने तथा औद्योगिक इकाइयों की सामान्य गतिविधियों में बाधा उत्पन्न करने के प्रयास किए जा रहे हैं।एसोसिएशन ने बताया कि ऐसे तत्व औद्योगिक परिसरों के भीतर अनधिकृत जमावड़े कराने, श्रमिकों को कार्यस्थलों से बाहर निकलने के लिए दबाव बनाने तथा भय और अस्थिरता का वातावरण निर्मित करने की कोशिश कर रहे हैं। इससे न केवल श्रमिकों, विशेषकर महिला श्रमिकों की सुरक्षा पर गंभीर खतरा उत्पन्न हो रहा है, बल्कि औद्योगिक उत्पादन, संचालन की निरंतरता एवं सार्वजनिक व्यवस्था पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की आशंका है।IIA ने यह भी आशंका जताई है कि इस प्रकार की गतिविधियाँ पूर्व में देखे गए आंदोलनात्मक पैटर्न या बाहरी प्रभावों से प्रेरित हो सकती हैं, जिनका उद्देश्य औद्योगिक शांति भंग करना तथा उत्तर प्रदेश की सकारात्मक औद्योगिक छवि को नुकसान पहुँचाना हो सकता है। इसके अतिरिक्त, ऐसे प्रयास उद्योग प्रबंधन और श्रमिकों के बीच स्थापित आपसी विश्वास एवं सामंजस्य को भी प्रभावित कर सकते हैं, जिसका दीर्घकालिक प्रभाव न केवल उद्योगों पर बल्कि श्रमिकों और उनके परिवारों की आजीविका पर भी पड़ सकता है।

WELCOME TO IIA ::

एसोसिएशन के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश ने एक मजबूत, विश्वसनीय और निवेश-अनुकूल औद्योगिक केंद्र के रूप में अपनी पहचान स्थापित की है। ऐसे में किसी भी प्रकार की अस्थिरता राज्य की Ease of Doing Business रैंकिंग और निवेश वातावरण को प्रभावित कर सकती है।इसी को ध्यान में रखते हुए IIA ने मुख्यमंत्री एवं संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों से तत्काल और प्रभावी हस्तक्षेप की मांग की है तथा निम्नलिखित कदम उठाने का अनुरोध किया है—

  • औद्योगिक क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था को तत्काल सुदृढ़ करते हुए पुलिस की सतर्कता बढ़ाई जाए
  • भ्रामक सूचनाओं एवं अफवाहों के प्रसार पर प्रभावी नियंत्रण सुनिश्चित किया जाए
  • औद्योगिक परिसरों में अनधिकृत गतिविधियों एवं अवैध जमावड़ों को रोका जाए
  • उद्योग प्रबंधन एवं श्रमिकों के बीच संवाद एवं विश्वास बनाए रखने हेतु समन्वित प्रयास किए जाएँ
  • IIA ने विश्वास व्यक्त किया है कि सरकार के त्वरित एवं प्रभावी हस्तक्षेप से प्रदेश में औद्योगिक शांति, श्रमिकों की सुरक्षा तथा निवेशकों का भरोसा निरंतर मजबूत बना रहेगा।

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इंडियन इंडस्ट्रीज एसोसिएशन (IIA) ने अंत में आशा व्यक्त की है कि राज्य सरकार इस गंभीर मामले को प्राथमिकता के आधार पर संज्ञान में लेकर शीघ्र, ठोस एवं प्रभावी कदम उठाएगी। एसोसिएशन का मानना है कि समय रहते उचित हस्तक्षेप से न केवल औद्योगिक क्षेत्रों में शांति एवं स्थिरता सुनिश्चित की जा सकेगी, बल्कि श्रमिकों की सुरक्षा, उद्योगों का निर्बाध संचालन तथा निवेशकों का विश्वास भी सुदृढ़ बना रहेगा।

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