बीजेपी का महा-धमाका! 4 राज्यों के प्रदेश अध्यक्ष बदले, दिल्ली-पंजाब में बड़ा उलटफेर!
दिल्ली के सियासी गलियारों से लेकर पंजाब के खेतों, हरियाणा के अखाड़ों और त्रिपुरा की पहाड़ियों तक...आज बीजेपी ने वो पॉलिटिकल सर्जिकल स्ट्राइक कर दी है, जिसकी सुगबुगाहट तो लंबे समय से थी, लेकिन धमाका आज हुआ है! जी हां, भारतीय जनता पार्टी के भीतर एक बहुत बड़ा भूचाल आया है और संगठन को पूरी तरह से री-बूट कर दिया गया है। आज गुरुवार, 28 मई के इस ऐतिहासिक दिन पर बीजेपी आलाकमान ने एक साथ, एक सुर में चार राज्यों के प्रदेश अध्यक्षों को बदलकर पूरी सियासी बिसात ही पलट दी है।
दिल्ली, पंजाब, हरियाणा और त्रिपुरा...इन चार किलों को फतह करने और संगठन में नई जान फूंकने के लिए पार्टी ने अपने नए धुरंधरों के नामों का ऐलान कर दिया है। आपको बता दें सबसे बड़ा और चौंकाने वाला बदलाव हुआ है देश की धड़कन यानी राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में। पिछले कई महीनों से दिल्ली बीजेपी के भीतर जिस बदलाव की खिचड़ी पक रही थी, आज उस पर मुहर लग गई है। वीरेंद्र सचदेवा की जगह अब हर्ष मल्होत्रा दिल्ली बीजेपी के नए सुल्तान होंगे! भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव द्वारा जारी आधिकारिक नोटिफिकेशन के मुताबिक, राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने केंद्रीय राज्य मंत्री हर्ष मल्होत्रा को तत्काल प्रभाव से दिल्ली प्रदेश का अध्यक्ष नियुक्त कर दिया है।
दरअसल, हर्ष मल्होत्रा सिर्फ एक नाम नहीं, बल्कि दिल्ली की सियासत का एक बड़ा चेहरा हैं। वह पूर्वी दिल्ली से मौजूदा सांसद हैं। इतना ही नहीं, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के केंद्रीय मंत्रिमंडल में वह सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय में राज्यमंत्री की बेहद अहम जिम्मेदारी भी संभाल रहे हैं। अब संगठन और सरकार, दोनों मोर्चों पर हर्ष मल्होत्रा का जलवा देखने को मिलेगा। आपको बता दें कि पिछले साल जुलाई में ही दिल्ली के दिग्गज नेताओं से इस बदलाव को लेकर रायशुमारी की गई थी। हर कोई कयास लगा रहा था कि नया अध्यक्ष कौन होगा? लेकिन पश्चिम बंगाल और अन्य राज्यों के विधानसभा चुनावों के चलते यह फैसला ठंडे बस्ते में डाल दिया गया था। लेकिन आज वो घड़ी आ गई और बीजेपी ने हर्ष मल्होत्रा के नाम का पत्ता खोलकर सबको चित कर दिया। वहीं दूसरी तरफ पंजाब में सुनील जाखड़ के युग का अंत हो गया है और संगठन की कमान अब सरदार केवल सिंह ढिल्लों के हाथों में सौंप दी गई है।
पंजाब में अगले साल यानी 2027 की शुरुआत में विधानसभा चुनाव होने हैं। चुनाव में एक साल से भी कम का समय बचा है और ऐसे नाजुक मोड़ पर बीजेपी ने ढिल्लों पर दांव खेला है। वहीं इस महा-बदलाव की आंच सिर्फ दिल्ली और पंजाब तक सीमित नहीं रही, बल्कि इसका असर हरियाणा और पूर्वोत्तर के राज्य त्रिपुरा में भी देखने को मिला है। जाट और गैर-जाट की सियासत के बीच उलझे हरियाणा में बीजेपी ने सांगठनिक फेरबदल करते हुए डॉ. अर्चना गुप्ता को हरियाणा बीजेपी का नया प्रदेश अध्यक्ष नियुक्त किया है। अब देखना होगा कि डॉ. अर्चना हरियाणा के इस राजनीतिक दंगल में पार्टी को कितनी मजबूती देती हैं। वहीं पूर्वोत्तर में अपने पैर अंगद की तरह जमाने वाली बीजेपी ने त्रिपुरा में भी बड़ा दांव खेला है।
त्रिपुरा बीजेपी की कमान अब अभिषेक देबरॉय को सौंप दी गई है, जिन्हें संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत करने का माहिर खिलाड़ी माना जाता है। देखा जाए तो राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन और पार्टी के राष्ट्रीय महासचिवों के दस्तखत से जारी यह नोटिफिकेशन सिर्फ एक कागज का टुकड़ा नहीं, बल्कि विरोधियों के लिए एक खुली चुनौती है। अब देखना दिलचस्प होगा कि बीजेपी के ये चार नए सिपहसालार अपनी-अपनी सेना को लेकर रणभूमि में कैसा प्रदर्शन करते हैं और क्या वे आलाकमान के इस भरोसे पर खरे उतर पाते हैं!


No Previous Comments found.