कृषि और बागबानी में क्रांति: बजट 2026 में किसानों के लिए बड़े ऐलान
देश के कृषि और खाद्य क्षेत्र को मजबूत बनाने के लिए वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने 9वां केंद्रीय बजट पेश किया। इसमें किसानों की आय बढ़ाने, उत्पादन क्षमता सुधारने और ग्रामीण-शहरी क्षेत्रों में रोजगार के नए अवसर पैदा करने के लिए कई अहम योजनाओं की घोषणा की गई।
मुख्य घोषणाएँ:
बागबानी सुधार: पुराने और कम उपज वाले फल के बगीचों को नया रूप दिया जाएगा। अखरोट, बादाम और खुमानी जैसी फलों की उच्च घनत्व वाली खेती को बढ़ावा मिलेगा।
कोकोनट प्रोत्साहन योजना: इस योजना के तहत उत्पादन और उत्पादकता बढ़ाने में मदद मिलेगी। अनुमान है कि इससे करीब 1 करोड़ किसान और 3 करोड़ लोग लाभान्वित होंगे।
काजू और कोको का वैश्विक ब्रांड: भारत के काजू और कोको को 2030 तक प्रीमियम ग्लोबल ब्रांड बनाने का लक्ष्य रखा गया है।
पशु चिकित्सा और पशुपालन: पशु चिकित्सा कॉलेज, अस्पताल, प्रयोगशालाओं और निजी क्षेत्र में प्रजनन सुविधाओं के लिए सब्सिडी दी जाएगी। इसके साथ ही ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में पशुपालन के लिए नए उद्यमियों को समर्थन मिलेगा, जिससे रोजगार के अवसर बढ़ेंगे।
मत्स्य पालन: 500 जलाशयों और अमृत सरोवरों का विकास किया जाएगा। तटीय इलाकों में मछली पालन की मूल्य श्रृंखला मजबूत की जाएगी। फिश एफपीओ को स्टार्टअप्स और महिला समूहों से जोड़ा जाएगा।
कृषि में AI तकनीक का उपयोग: किसानों को कई भाषाओं में AI टूल के जरिए मार्गदर्शन मिलेगा। यह तकनीक फसल चयन, जोखिम प्रबंधन और उत्पादन बढ़ाने में मदद करेगी।
इस बजट के माध्यम से सरकार ने कृषि, पशुपालन और मत्स्य पालन में नई दिशा देने की योजना बनाई है, जिससे किसानों और ग्रामीणों की आमदनी और जीवन स्तर में सुधार हो सके।


No Previous Comments found.