लोडिंग प्लांट में हुई अप्रैल माह में दुर्घटना का मृतक मजदूर को आज तक उचित मुआवजा नहीं

  बचेली : लोडिंग प्लांट बचेली में अप्रैल माह में  वीभत्स दुर्घटना में एक मजदूर का मृत्यु हो गया था जिसका नाम अजय  भोगामी था  रेल से दोनों पैर एवं हाथ कट गए थे इसके पश्चात उसकी मृत्यु अस्पताल जाते समय रास्ते में हो गया था यह  घटना रात्रि कालीन में घटित हुआ था जहां पर घटना घटित हुआ था वह जगह अंधेरा था और मजदूर बिना सुरक्षा मनको के कार्य कर रहा था चित्रा से ऐसा लग रहा है देखने से इसमें ठेकेदार एवं एनएमडीसी के जिम्मेदार अधिकारी की पूर्णता जिम्मेदारी बनती है कि बिना सुरक्षा मनको  के मजदूरों को कार्य पर लगाया गया  यह मजदूर    घर का इकलौता कमाने वाला सदस्य था  ठेकेदार ने थोड़ी बहुत रकम देकर मृतक परिवार के लोगों को लोगों से किनारा कर लिया परंतु एनएमडीसी प्रबंधन ने तो एक कौड़ी का भी मजदूर परिवार को कोई सहायता नहीं दिया  मजदूर एक्ट 1923 (4)के अनुसार मजदूर को मुआवजा दिया जाना चाहिए था क्योंकि इस एक्ट में साफ लिखा है कि कार्य करते समय किसी मजदूर का दुर्घटना में मृत्यु होता है तो इसएक्ट के अनुसार मजदूर के आश्रित परिवार को मुआवजा देना  चाहिए क्योंकि वह मजदूर एनएमडीसी के ही कार्य कर रहा था और कार्य स्थल भी एनएमडीसी के क्षेत्र के अंतर्गत आता है इसलिए नैतिक जिम्मेदारी एनएमडीसी प्रबंधन का बनता है कांग्रेस नेता तूलिका कर्मा एवं संतोष दुबे ने प्रबंधन से इस मुद्दे पर बात कर उचित मुआवजा एवं एक आश्रित परिवार को स्थाई नौकरी देने की मांग प्रबंधन से किया एनएमडीसी प्रबंधन में बातचीत में स्वीकार किया कि मृतक मजदूर के परिवार को मुआवजा राशि देने में देरी हुआ पर अब जल्द से जल्द मुआवजा दिया जाएगा सवाल यह उठता है कि एनएमडीसी प्रबंधन क्षेत्र के विकास एवं आदिवासियों के हितों की बात करता है कि  परंतु किसी भी प्रकार का मजदूर के प्रति संवेदना ना दिखाकर इसकी  इसके खोखले वादे को पोल खुल गई है जब तक कोई राजनीति  हस्तक्षेप नहीं होगा तब तक कोई गरीब मजदूर का हक नहीं मिलता है नहीं तो यह मामला भी ठंडा बस्ती  में डालने का पूरा प्रयास किया गया था मृतक के पिता ने बताया कि क्रिया कर्म के लिए ठेकेदार के द्वारा₹120000 की सहायता राशि दी गई थी इसके सिवाय कोई पैसा नहीं दिया गया था नहीं ठेकेदार ने कभी संपर्क किया

प्रश्न यह है कि लापरवाह ठेकेदार पर कारवाई कब की जाएगी जो बिना सुरक्षा मनको के कार्य करते हैं जोखिम भरा कार्य किस आधार पर ठेकेदार को दिया गया था  यह जांच का विषय होना चाहिए ठेकेदार ने अगर नियमों को पालन नहीं किया तो जिम्मेदार अधिकारियों पर भी उचित कार्रवाई होना चाहिए पीड़ित परिवार को मुआवजा की राशि एवं स्थाई नौकरी जल्द से जल्द एनएमडीसी प्रबंधन को देना चाहिए
देखना है कि पीड़ित परिवार को न्याय और उचित मुआवजा प्रबंधन द्वारा कब तक दिलाया जाएगा ?जिससे किएक परिवार न्याय से वंचित ना हो  जिम्मेदारों के ऊपर उचित कारवाई कब की जाएगी इक इंतजार पीड़ित परिवार के सदस्यों को आज भी है ?

रिपोर्टर : जी एल मरावी 
 

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