इटावा पुलिस से विदा हुए कर्तव्यवीर
इटावा - कुछ लम्हे शब्दों के मोहताज नहीं होते, उसकी खामोशी ही सबकुछ बयां कर देते हैं। आज इटावा पुलिस लाइन में जब विदाई की शहनाई गूंजी, तो हवाओं में भी एक अजीब सी भावुकता तैर गई। यह सिर्फ दो पुलिसकर्मियों की सेवानिवृत्ति का दिन नहीं था, बल्कि खाकी के उस सफर को नमन करने का पल था, जिसने समाज के सुकून के लिए अपने जीवन के न जाने कितने त्योहार, कितनी रातें और अपनों की कितनी ही खुशियां कुर्बान कर दीं। अपनी पूरी जिंदगी कर्तव्य की बलिवेदी पर सौंपकर अधिवर्षता आयु पूर्ण करने वाले पुलिस लाइन के समर्पित निरीक्षक (ना०पु०) श्री रजनेश कुमार जी और थाना कोतवाली की रीढ़ रहे आरक्षी (ना०पु०) श्री शिवकुमार सिंह जी आज जब सेवामुक्त हुए, तो हर साथी का दिल भर आया।
विदाई के इस आत्मीय मंच पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री बृजेश कुमार श्रीवास्तव का एक ऐसा रूप दिखा जो अमूमन खाकी के सख्त अनुशासन में कम ही नज़र आता है। वे एक कड़क कप्तान की बंदिशें भुलाकर, एक बड़े भाई और परिवार के संरक्षक की तरह दोनों साथियों के सामने खड़े थे। उन्होंने जब दोनों सेवानिवृत्त हो रहे साथियों को स्मृति चिन्ह, घड़ी, प्रशस्ति पत्र और सम्मान की शॉल ओढ़ाई, तो मानो वक्त ठहर सा गया। शॉल की हर तह में सालों की वफादारी का सम्मान छुपा था।
एसएसपी श्री श्रीवास्तव ने जब माइक संभाला, तो उनकी आवाज में भी अपनों को विदा करने का भारीपन साफ महसूस हो रहा था। उन्होंने बेहद भावुक होकर कहा— "आपने जीवन के सबसे खूबसूरत साल इस महकमे को दिए हैं, आपकी तपस्या का कर्ज हम कभी नहीं चुका पाएंगे। आज कानून के मुताबिक भले ही आपकी वर्दी को आराम मिल रहा है,लेकिन आत्मा पर लगा खाकी का यह पवित्र रंग कभी नहीं छूटेगा। आप आज से सेवानिवृत्त जरूर हो रहे हैं,लेकिन हमारे दिलों से कभी विदा नहीं हो सकते। भविष्य के किसी भी मोड़ पर,जीवन के किसी भी सुख-दुख में आप खुद को अकेला मत समझना यह पूरा पुलिस परिवार हमेशा आपके पीछे एक ढाल बनकर खड़ा रहेगा।" जज्बातों और आंसुओं से सराबोर इस विदाई की बेला में अपर पुलिस अधीक्षक नगर श्री अभयनाथ त्रिपाठी सहित उपस्थित हर एक पुलिस अधिकारी और कर्मचारी की आंखें भीग गईं। जब दोनों कर्तव्यवीर अंतिम बार महकमे से कदम बाहर बढ़ा रहे थे,तब पूरे सम्मान में बजी तालियों की गड़गड़ाहट ने आसमान गुंजा दिया। सभी ने नम आंखों और भरे दिल से अपने कर्मठ साथियों को लंबी उम्र, उत्तम स्वास्थ्य और जीवन के इस नए सफ़र की ढेरों शुभकामनाएं दी
रिपोर्टर - देवेन्द्र सिंह
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