KGBV में छात्राओं से जातिसूचक गालियां और झाड़ू-पोंछा लगाने का आरोप, पीड़ित परिवार ने DM से लगाई न्याय की गुहार

फतेहपुर : जिले के रामपुर थरियांव स्थित कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय में दलित छात्राओं के साथ अमानवीय व्यवहार का सनसनीखेज मामला सामने आया है। छात्राओं को भरपेट खाना न देना, जातिसूचक गालियां देना और स्कूल के बाथरूम तक की सफाई कराने का आरोप लगा है। पीड़ित परिवार ने मंगलवार को जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचकर न्याय की गुहार लगाई है।मामला असोथर ब्लॉक के सतो गांव का है। जंहा पीड़िता गीता देवी ने बताया कि उनके स्वर्गीय बेटे प्रीतम कुमार की दो बेटियां किरण और कशिश और एक अन्य छात्रा अंजली इसी विद्यालय में पढ़ती हैं। इससे पहले भी खाने-पीने की गुणवत्ता को लेकर अभिभावकों ने शिकायत की थी, जिसकी जांच भी हुई थी। आरोप है कि शिकायत के बाद से विद्यालय प्रशासन छात्राओं से रंजिश मानने लगा।

पीड़ित परिवार द्वारा जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी को दी गई लिखित शिकायत के अनुसार, विद्यालय की अध्यापिकाओं परवीन बानो, अरुणा गौतम और प्रीति गौतम पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं। आरोप है कि भोजन मांगने पर छात्राओं को खाने से बाहर निकाल देने की धमकी दी जाती है। विरोध करने पर बड़ी छात्राओं से उनकी पिटाई कराई जाती है।गीता देवी का आरोप है कि छात्राओं को कहा जाता है - "पढ़-लिखकर तुम डीएम नहीं बनोगी, तुम्हारी जात ही सफाई करने के लिए है, तुम सफाई ही करोगी।"यह केवल अनुशासनहीनता नहीं, बल्कि शिक्षा के मंदिर में संविधान और मानवता की हत्या है। सरकार एक तरफ बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ का नारा दे रही है, वहीं दूसरी तरफ सरकारी आवासीय विद्यालय में ही दलित बेटियों को उनकी जाति का हवाला देकर अपमानित किया जा रहा है।पीड़ित परिवार ने डीएम को प्रार्थना पत्र देकर पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच और दोषी शिक्षिकाओं पर कठोर कार्रवाई की मांग की है। परिवार का कहना है कि उन्हें न्याय चाहिए ताकि उनकी बच्चियों को अच्छी शिक्षा और सरकार द्वारा दी जाने वाली सुविधाएं सम्मान के साथ मिल सकें। अब देखना होगा कि जिला प्रशासन इस मामले पर कितनी गंभीरता से कार्रवाई करता है।

 

रिपोर्टर : शहंशाह आब्दी 

 

Leave a Reply



comments

Loading.....
  • No Previous Comments found.