गुंडागर्दी और दबंगई करने पर कथित पत्रकार सहित चार अन्य पर मुकदमा

हरदोई : कछौना थाने में गुंडागर्दी और दबंगई करने पर चला पुलिस का चाबुक! थाना अध्यक्ष अमित सिंह के आदेश पर पत्रकार सहित चार नामजद आरोपियों पर संगीन धाराओं में FIR दर्ज!

ताज़ा मामला जनपद हरदोई के थाना कछौना क्षेत्र के ग्राम आंट-सांट से सामने आया है। 25 जुलाई की सुबह 9 बजे, पुरानी दीवार गिराने के विवाद को लेकर मोहित मिश्रा, विवेक मिश्रा, मिलन मिश्रा और पूजा तिवारी ने न केवल पड़ोसियों के साथ गाली-गलौज की, बल्कि उन्हें लाठी-डंडों से जानलेवा हमला कर गंभीर लहुलुहान कर दिया! पीड़ित विनीत कुमार मिश्र और उनके परिवार की महिलाओं को बुरी तरह पीटकर मरणासन्न कर दिया गया। इतना ही नहीं, थाने पहुँचने पर आरोपियों और उनके साथ आए कथित पत्रकार मोहित द्विवेदी ने भी शिकायतकर्ताओं को जान से मारने और धमकाने की जुर्रत तक कर डाली!
थाने में इन अपराधियों की यह हेकड़ी और दबंगई कछौना पुलिस के सामने एक मिनट भी नहीं टिक सकी।
जैसे ही ये मामला कछौना थाना अध्यक्ष अमित सिंह के संज्ञान में आया, उन्होंने बिना किसी दबाव के, सख्त रवैया अपनाते हुए तुरंत कड़ी कार्रवाई के आदेश दिए! थानाध्यक्ष अमित सिंह के नेतृत्व में कछौना पुलिस ने तुरंत तत्परता दिखाई और पीड़ित विनीत कुमार मिश्र की तहरीर पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 3(5), 115(2), 352 और 351(3) के तहत संगीन धाराओं में मुकदमा पंजीकृत (FIR No. 0242/2026) कर इसकी जांच उपनिरीक्षक विशाल पुंडीर को सौंप दी!

फर्जी पत्रकारों और अवांछित तत्वों पर कछौना भाजपा मंडल अध्यक्ष का तीखा प्रहार!
गुंडागर्दी के इस मामले में तूल पकड़ते ही भाजपा कछौना मंडल अध्यक्ष मयंक सिंह ने बेहद कड़क लहजे में फर्जी पत्रकारों और अराजक तत्वों को आड़े हाथों लिया। उन्होंने अपना कड़ा बयान जारी करते हुए स्पष्ट कहा:
"यह आरोपी मोहित द्विवेदी कोई पत्रकार नहीं है! केवल इंस्टाग्राम, फेसबुक और व्हाट्सएप पर फर्जी तरीके से लिखकर और तथ्यहीन खबरें चलाकर खुद को स्वघोषित पत्रकार बना लिया है। ऐसे लोग पत्रकारिता के नाम पर कलंक हैं और अवांछित-असामाजिक गतिविधियों में लिप्त रहते हैं, जिससे समाज में सच्चे और निष्पक्ष पत्रकारों की छवि धूमिल होती है। आए दिन थाने में दलाली करना, शराब के ठेकों पर चक्कर काटना और गैरसामाजिक कार्यों में लिप्त रहकर पत्रकारिता का चोला ओढ़ना ही इनका मुख्य पेशा बन चुका है। पत्रकारिता की आड़ में अवैध धनार्जन का यह धंधा अब नहीं चलेगा!

मंडल अध्यक्ष ने बेहद सख्त चेतावनी देते हुए कहा है कि 
हमारे क्षेत्र के वास्तविक और निष्पक्ष पत्रकारों को ऐसे किसी भी असामाजिक तत्व का बचाव नहीं करना चाहिए। पत्रकारिता का दायरा मान्यता प्राप्त इलेक्ट्रॉनिक और प्रिंट मीडिया (जैसे हिंदुस्तान, दैनिक जागरण, अमर उजाला, cnews bharat, दैनिक भास्कर आदि) तक सीमित है, न कि ऐसे स्वघोषित रंगदारों के लिए। फर्जी पत्रकारिता का रौब झाड़कर अपराध करने वालों की समाज में कोई जगह नहीं है, कानून अपना काम पूरी सख्ती से करेगा!

कछौना पुलिस और थाना अध्यक्ष अमित सिंह ने साफ़ कर दिया है कि कोई भी अपराधी चाहे कितना भी रसूखदार हो या पत्रकारिता का फर्जी चोला ओढ़कर रौब, गुंडई जमाने की कोशिश करेगा तो कानून के हाथ बहुत लंबे हैं और कछौना पुलिस का चाबुक हर अपराधी पर बराबर चलेगा!
कछौना पुलिस की इस त्वरित, निष्पक्ष और कड़क कार्रवाई ने क्षेत्र की जनता के दिल में विश्वास और अपराधियों के मन में खौफ पैदा कर दिया है। कछौना पुलिस के ऐसे कड़े रुख और थाना अध्यक्ष अमित सिंह की इस बिना-झिझक कार्रवाई की चारों तरफ सराहना हो रही है!

 रिपोर्टर : अनुराग सिंह

Leave a Reply



comments

Loading.....
  • No Previous Comments found.