प्रतियोगिता परीक्षाओं की तैयारी कर रहे युवा इग्नू के पाठ्यक्रमों से जुड़े-रीना कुमारी
झांसी : इंदिरा गांधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय अध्ययन केन्द्र, बिपिन बिहारी महाविद्यालय, झाॅसी (2712) के समन्वयक प्रो0 किशोर कुमार श्रीवास्तव ने जानकारी दी कि क्षेत्रीय केन्द्र लखनऊ की क्षेत्रीय निदेशक डा0 रीना कुमारी ने आज सत्रांत परीक्षा का औचक निरीक्षण किया एवं सभी व्यवस्थाओं के प्रति संतोष व्यक्त किया। इस अवसर पर डा0 रीना ने जुलाई 2026 सत्र में प्रवेश के लिए आनलाइन रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया के संबंध में विस्तार से चर्चा की तथा बताया कि इग्नू की दूरस्थ शिक्षा प्रणाली एक बेहतर विकल्प है। यू0 जी0 सी0 के निर्देशों के अनुसार ओडीएल/आनलाइन कार्यक्रम में आवेदन करने के इच्छुक अभ्यर्थी डी0ई0बी0 आईडी बनाकर ही आवेदन कर सकते हैं। अब प्रत्येक शिक्षार्थी को ओडीएल/आनलाइन कार्यक्रम में प्रवेश हेतु यूजीसीडीईबी बेवसाइट पर जाकर अपने एबीसीआईडी का उपयोग करके डीईबीआईडी बनानी होगी। यदि आपके पास एबीसीआईडी नहीं है तो डिजी लाॅकर के माध्यम से बना सकते है। डीईबी आई डी एक बार जनरेट होने के बाद फिर जीवन भर वैध रहेगी। शिक्षार्थी सर्वप्रथम अपना पंजीकरण प्रवेश हेतु करेंगे जिसके लिए आवेदन पत्र भरने के लिए जरूरी प्रमाणपत्र अपलोड करें और पंजीकरण शुल्क आनलाइन भरना होता है। शिक्षार्थियों के लिए आवश्यक होगा कि महत्वपूर्ण डाॅक्यूमेंट्स सबमिट करने होंगे। इनमें-स्कैन की गई फोटो (100 केबी से कम), स्कैन किए गए हस्ताक्षर (100 केबी से कम), संबंधित शैक्षणिक योग्यता की स्कैन की गई काॅपी (200 केबी से कम) होनी चाहिए। इग्नू के विभिन्न पाठ्यक्रमों की अधिक और विस्तारपूर्वक जानकारी लेने के लिए आप इग्नू की वेबसाइट पर जाकर प्राप्त कर सकते हैं इग्नू के विभिन्न पाठ्यक्रमों में दाखिले की अंतिम तिथि 15 जुलाई 2026 है। इसके साथ ही उन्होनें बताया कि इग्नू के द्वारा महत्वपूर्ण कौशल विकास आधारित पाठ्यक्रमों जैसे-प्राथमिक चिकित्सा में प्रमाण-पत्र, विभिन्न विदेशी भाषाओं में प्रमाण पत्र जैसे रसियन, फ्रैंच, जापनी, कोरियन, स्पेनिस भाषा में प्रमाण-पत्र, मधुमक्खी पालन में प्रमाण पत्र, फैशन डिजाइन में प्रमाण पत्र, वैदिक गणित में प्रमाण पत्र, इवेन्ट मैनेजमेंट में प्रमाण पत्र, रिटेलिंग में डिप्लोंमा, बागवानी में डिप्लोंमा, डेयरी टेक्नोलोजी में डिप्लोमा, पत्रकारिता में पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा, अनुवाद अध्ययन में पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा, सोशल वर्क में स्नातक, टूरिज्म एवं ट्रैवल मैनेजमेंट में स्नातक, बीबीए रिटेलिंग में स्नातक, ज्योतिस मे स्नात्कोत्तर, वैदिक अध्ययन में स्नात्कोत्तर, भगवत गीता अध्ययन में स्नात्कोत्तर, एमसीए, एम.एस.सी. जलवायु परिवर्तन पाठ्यक्रम इत्यादि में प्रवेश ले सकता है, जो न्यूनतम अर्हरता को पूरा करते हैं। इसके साथ ही यू.पी.एस.सी., आई.पी.एस., जे.ई.ई., नीट व अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए इग्नू के पाठ्यक्रमों के संबंध में सम्पूर्ण विवरण इग्नू की बेबसाईट पर उपलब्ध है। कोई भी विद्यार्थी स्नातक अथवा परास्नातक पाठ्यक्रम को पूरा करने के साथ ही डिप्लोमा पाठ्यक्रम में प्रवेश ले सकता है। इग्नू की सभी उपाधियां/डिप्लोमा/प्रमाण-पत्र भारतीय विश्वविद्यालय संघ (ए.आई.यू.) के सभी सदस्य विश्वविद्यालयों द्वारा मान्य है।
इस अवसर पर महाविद्यालय के कार्यवाहक प्राचार्य प्रो0 मुकेश श्रीवास्तव, इग्नू अध्ययन केन्द्र के सहायक समन्वयक प्रो0 विजय कुमार यादव, डाॅ0 पी.सी.सिंघल, डाॅ0 योगेश पाण्डेय, डाॅ0 प्रवीण कुमार,अंजिल निगम, दीपक तिवारी, मनीष एवं विशाल उपस्थित रहे।
रिपोर्टर : अंकित साहू
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