एनआरआई के परिजनों के आपत्तिजनक फोटो बना कर ऑनलाईन साईबर ठगी के आरोपी को नहीं मिली जेल से रिहाई , जमानत अर्जी निरस्त

झांसी। एनआरआई के परिवार से संबंधित लड़कियों के आपत्तिजनक फोटो बना कर ऑनलाईन साईबर ठगी के मामले में आरोपी को जेल से रिहाई नहीं मिल सकी।उसका जमानत प्रार्थना पत्र जिला एवं सत्र न्यायाधीश कमलेश कच्छल के न्यायालय ने निरस्त कर दिया।
जानकारी देते हुए जिला शासकीय अधिवक्ता मृदुल कांत श्रीवास्तव ने बताया कि वादी मुकदमा हरीशचन्द्र लाखी ने 11 फरवरी 2026 को थाना  साईबर क्राईम में प्रार्थना पत्र दिया था कि वह जवाहर नगर जयपुर (राजस्थान) का मूल निवासी है और विगत 30 वर्षों से परिवार के साथ बैंकाक में निवास कर रहा है। 21 अगस्त 2025 को उसके मोबाईल  नितिन कुमार द्वारा व्हाट्सअप के माध्यम से उसके परिवारीजन का आपत्तिजनक वीडियो / फोटो भेजा गया और आठ लाख रूपये की मांग की गई। इसी क्रम में  25 अगस्त 2025 को दूसरे मोबाईल नंबर से  अन्य आपत्तिजनक फोटो भेज कर अधिक रूपयों की मांग कर कहा गया कि जल्दी पैसे दे दो वर्ना ठीक नहीं होगा, तुम्हें व तुम्हारे परिवार को किसी लायक नहीं छोड़ेगे और गाली-गलौज भी की। वह काफी डर गया, घर पर बातचीत की, पूरे परिवार पर जान का खतरा बना हुआ है। बाद में नितिन कुमार व उसके सहयोगियों ने अलग- अलग तिथियों वे भिन्न-भिन्न अन्तर्राष्ट्रीय नम्बरो से फोन कर उसके परिजनों के आपत्तिजनक फोटो व वीडियो भेजे। 10 सितंबर 2025 को नितिन कुमार द्वारा प्रार्थी के कम्प्यूटर सिस्टम को हैक कर लिया गया और उसके व्यापारिक व पारिवारिक समस्त डेटा ट्रान्सफर करके अपने पास रख लिये गये तथा परिवार के फोटो / वीडियो ए०आई० तकनीक से एडिट कर भेजे व इण्टरनेट पर वायरल करने की धमकी देते हुए उसके एवज में 25 लाख रूपये की मांग की गई। पैसे न देने पर नितिन कुमार ने उसे व परिजनों को जान से मारने की धमकी दी। जानकारी की तो पता चला कि नितिन कुमार के पिता का नाम जगदीश है और वह मूलतः बबीना कैण्ट झाँसी का रहने वाला है और उसका मोबाईल नम्बर- 9999423166 है। मानसिक रूप से परेशान हो चुके हरीशचंद्र पर नितिन कुमार द्वारा  बार-बार पैसे देने का दबाव बनाया गया, तो मामले को निपटाने हेतु वह झाँसी आया, किन्तु वह नहीं मिल सका। तब हिम्मत कर उसने पुलिस की मदद ली। नितिन कुमार व उसके सहयोगी अली उर्फ राजू उर्फ आशू उर्फ अमान सिद्दिकी, शाकिर हरफान (यही नाम व्हाट्सअप मैसेज पर बताये जाते थे) द्वारा विशेष रूप से एनआरआई व्यापारी वर्ग के परिवार से संबंधित लड़कियों को बहला-फुसला कर उनके आपत्तिजनक फोटो बना कर ऑनलाईन साईबर ठगी कर अपनी शर्तें मानने हेतु ब्लेकमेल किया जाता है। उक्त लोगों द्वारा पूर्व में भी अनेक महिलाओं के आपत्तिजनक फोटो / वीडियो बना कर धन उगाही, ब्लेकमेलिंग आदि की गई है। जिस पर धारा-308(4), 318(4),351(2), 336(3),61(2) भारतीय न्याय संहिता, 2023 एवं धारा-66 (सी), 66 (डी), 66 (ई), 67 (ए) आई० टी०एक्ट के तहत थाना साईबर क्राईम में मामला दर्ज किया गया।
उक्त मामले में अभियुक्त नितिन कुमार पुत्र जगदीश, निवासी न्यू हरिजन कालोनी, बबीना कैण्ट की ओर से प्रस्तुत जमानत प्रार्थना पत्र न्यायालय में निरस्त कर दिया गया।

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