टोरी चंदवा फ्लाई ओवरब्रिज को लेकर 15 जून को लातेहार में माकपा और किसानों का पदयात्रा

लातेहार - चंदवा माकपा के वरिष्ठ नेता अयुब खान, जिला सचिव रसीद मियां व सुरेंद्र सिंह ने एक संयुक्त प्रेस वक्तव्य जारी कर कहा कि 2020 -21 में टोरी - चंदवा में फ्लाई ओवरब्रिज की परियोजना की स्वीकृति मिली, दिनांक 03 अप्रैल 2021 को आरओबी की निर्माण के लिए ऑनलाइन शिलान्यास किया गया केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नीतिन गडकरी और राज्य के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के हांथों। शिलान्यास हुए पांच वर्ष हो गए लेकिन कार्य अबतक शुरू नहीं हुई, इसका निर्माण कार्य जल्द शुरू हो इसपर जोर डालने के लिए माकपा कार्यकर्ता और झारखंड राज्य किसान सभा से जुड़े किसान लातेहार में पदयात्रा करेंगे। उन्होंने बताया कि पदयात्रा अनुमंडल कार्यालय पहुंचकर एसडीएम महोदय को ज्ञापन सौंपा जाएगा। आगे बताया कि टोरी फ्लाई ओवरब्रिज परियोजना की पहले प्राक्कलन  ₹43 करोड़ थी, अब न्यु प्राक्कलन में ₹119,71, 70, 507. 90 करोड़ राशि हो गई। अब तक  करीब छः बार टेंडर निकल चुका है, इसके निर्माण के लिए शुरू में ₹43 करोड़, राशि का आवंटन हुआ, अब न्यु प्राक्कलन में ₹119,71, 70, 507. 90 करोड़ राशि हो गई, इस राशि पर अबतक टेंडर नहीं हुआ है। एक बार टेंडर लेकर संवेदक ने कम राशि होने के कारण छोड़ दिया। केंद्र, राज्य सरकार और NH विभाग की उदासीनता के कारण लोग जाम की पीड़ा झेल रहे हैं। NH 22 पर टोरी जंक्शन का रेलवे क्रॉसिंग है, क्रॉसिंग जाम के कारण नागरिकों को घंटों जाम में फंसकर उन्हें असहनीय पीड़ा झेलना पड़ रहा है, लंबे समय से इस समस्या पर केंद्र सरकार और झारखंड सरकार तथा एनएच विभाग की उपेक्षा के कारण प्रत्येक दिन लाखों लोग परेशान हैं। टोरी रेलवे क्रॉसिंग 24 घंटे बंद रहती है, हर बार किसी न किसी जिंदगी को खतरे में डालती है यह क्रॉसिंग, एनएच 99 न्यु 22 अस्पताल, थाना, ब्लॉक, शहर को जोड़ती है, हर घंटे लंबा जाम, घंटों बंद गेट और जाम में फंसकर लाचार बनकर किसी दर्द पीड़ा की तरह छटपटाते रहते हैं, जाम में फंसे एम्बुलेंस में बैठे बिमार व्यक्ति की जिंदगी और मौत को तय करती है रेलवे फाटक, घंटों फाटक बंद रहने से बिमार मरीज की मौत फाटक पर ही हो जा रही है, क्रॉसिंग जाम में फंसकर महिलाओं का प्रसव फाटक पर ही हो जाती है समय पर अस्पताल पहुंच नहीं पाते, रेलवे क्रॉसिंग से ही उन्हें कफन ओढ़ाकर घर वापस लेजाना पड़ रहा है, फाटक जाम से कई परिवारों की जिंदगियां खत्म हो चुकी है।

 रेलवे क्रॉसिंग जाम से 9 जिला रांची, गुमला, लोहरदगा, गढ़वा, पलामू, लातेहार, हजारीबाग, चतरा जिला समेत छत्तीसगढ़ और पटना की यात्री बस व छोटी बड़ी गाड़ियां तथा लाखों लोग प्रभावित है। देश का एकलौता टोरी जंक्शन है जहां पर रेलवे स्टेशन जाने और स्टेशन से बाहर निकलने का कोई रास्ता नहीं है।वहीं रेलवे विभाग की उदासीनता के कारण टोरी फुट ओवरब्रिज का कार्य अधूरा पड़ा है, फुट ब्रिज नहीं होने के कारण  रेल यात्री और ग्रामीण अपनी जान जोखिम में डालकर मालगाड़ी के नीचे से पास करते हैं, रेल यात्रियों की सुविधा के लिए रेलवे विभाग लापरवाह बनी हुई है। 

रिपोर्टर - बब्लू खान 

Leave a Reply



comments

Loading.....
  • No Previous Comments found.