पंजाब CM ने बीज एक्ट 2025 पर जताई चिंता

पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात कर बीज एक्ट 2025 पर विरोध जताया। उनका कहना है कि यह बिल निजी कंपनियों को बीज चुनने का अधिकार देगा, जिससे छोटे किसानों पर दबाव बढ़ेगा और पारंपरिक बीज संरचना प्रभावित होगी।

मान ने बैठक में कहा कि पंजाब के किसान अपनी फसल से बीज सुरक्षित रखते हैं और कोई कंपनी यह तय नहीं कर सकती कि कौन सा बीज लगाया जाए। उन्होंने इस बिल को संसद में पेश नहीं करने की मांग भी की।

 

 विवाद के मुख्य बिंदु

  • सभी बीजों का पंजीकरण और VCU परीक्षण अनिवार्य।
  • QR कोड से ट्रेसबिलिटी सुनिश्चित।
  • दोषी उत्पादकों पर ₹30 लाख जुर्माना और 3 साल की सजा।
  • आलोचक कहते हैं कि ये नियम बड़े कॉर्पोरेट्स को लाभ देंगे और छोटे किसानों को नुकसान।
  • किसानों के नुकसान की सुलभ क्षतिपूर्ति नहीं

 

 अन्य उठाए गए मुद्दे

  • एसवाईएल पानी विवाद
  • गोदामों में भंडारण और गेहूं के लिए जगह की कमी
  • आढ़तियों द्वारा रोके गए कमीशन
  • ग्रामीण विकास फंड का बकाया (8,500 करोड़)
  • सीमा पर कंटीली तार से बचाए जा सकने वाले जमीन

अमित शाह ने सभी मुद्दों को गंभीरता से लेने का भरोसा दिया।


मुख्यमंत्री भगवंत मान ने स्पष्ट किया कि पंजाब किसानों और पारंपरिक बीज प्रणालियों के हितों की रक्षा करेगा। बीज एक्ट 2025 बड़े उद्योगों को बढ़ावा दे सकता है, लेकिन छोटे किसानों के लिए चुनौती बन सकता है।

Leave a Reply



comments

Loading.....
  • No Previous Comments found.