राहुल गांधी के आवास पर INDI गठबंधन की ‘हाई टी’ मीटिंग, CEC ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग तेज
AKANSHA UPADHYAY
नई दिल्ली: लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने मंगलवार, 13 अक्टूबर को नई दिल्ली स्थित अपने आवास पर INDI गठबंधन के नेताओं, छात्र संगठनों और सिविल सोसाइटी के प्रतिनिधियों के साथ ‘हाई टी’ बैठक की। बैठक के बाद विपक्षी नेताओं ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर चुनाव आयोग और केंद्र सरकार पर निशाना साधा। नेताओं ने मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार पर लोकतंत्र को कमजोर करने का आरोप लगाते हुए उनके इस्तीफे की मांग दोहराई।विपक्ष ने विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर भी सवाल उठाए और कहा कि इस मुद्दे पर उनका आंदोलन आगे भी जारी रहेगा। बैठक में कांग्रेस समेत गठबंधन के विभिन्न दलों के वरिष्ठ नेता शामिल हुए।
राहुल गांधी ने केंद्र सरकार और चुनाव आयोग पर साधा निशाना
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि प्रदर्शन एक मिशन के तहत जारी है और सभी नेता लोकतंत्र की रक्षा के लिए एकजुट हैं।राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि आम लोगों के अधिकार छीने जा रहे हैं और देश के लोकतांत्रिक ढांचे को नुकसान पहुंचाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि विपक्ष जंतर-मंतर पर प्रदर्शन जारी रखने के लिए संघर्ष करेगा।राहुल गांधी ने ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे को अपना मिशन बताते हुए सुप्रीम कोर्ट से भी अपनी भूमिका निभाने की उम्मीद जताई।
विपक्षी नेताओं ने आंदोलन जारी रखने का किया ऐलान
बैठक के बाद INDI गठबंधन के नेताओं ने एकजुटता दिखाते हुए आंदोलन को आगे बढ़ाने की बात कही।राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार) की सांसद सुप्रिया सुले ने कहा कि विपक्ष पूरी ताकत के साथ एकजुट है और आंदोलन जारी रहेगा।वरिष्ठ वकील प्रशांत भूषण ने कहा कि सिविल सोसाइटी इस आंदोलन के साथ है। उन्होंने दावा किया कि आने वाले समय में किसान और ट्रेड यूनियन भी इसमें शामिल होंगे। उन्होंने विरोध प्रदर्शन को संवैधानिक अधिकार बताया।तृणमूल कांग्रेस की सांसद सागरिका घोष ने SIR पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि इसे वोटों में हेरफेर के लिए बनाया गया है। उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी INDI गठबंधन के साथ खड़ी है।वहीं, शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) के नेता संजय राउत ने ज्ञानेश कुमार पर तीखा हमला बोला। AISA अध्यक्ष नेहा बोरा ने भी मुख्य चुनाव आयुक्त की आलोचना करते हुए उन्हें लोकतंत्र का दुश्मन बताया।
बैठक में कई दिग्गज नेता हुए शामिल
राहुल गांधी के आवास पर आयोजित इस बैठक में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, सोनिया गांधी, शशि थरूर और सचिन पायलट समेत कांग्रेस के कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे।इसके अलावा RJD नेता तेजस्वी यादव और मनोज झा, तृणमूल कांग्रेस की सांसद महुआ मोइत्रा, CPI(M) के एमए बेबी और CPI के डी. राजा सहित INDI गठबंधन के अन्य नेता भी बैठक में शामिल हुए।बैठक का मुख्य उद्देश्य चुनाव आयोग से जुड़े मुद्दों पर विपक्ष की रणनीति तय करना और आंदोलन को आगे बढ़ाने के तरीकों पर चर्चा करना था।
पवन खेड़ा ने बताया आगे का एजेंडा
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पवन खेड़ा ने कहा कि बैठक में आने वाले दिनों में आंदोलन को आगे बढ़ाने की रणनीति पर चर्चा की गई। उन्होंने कहा कि देश को विपक्ष से उम्मीद है कि वह लोकतंत्र से जुड़े मुद्दों पर अपनी आवाज मजबूती और उचित तरीके से उठाएगा।कांग्रेस और उसके सहयोगी दल लगातार SIR प्रक्रिया पर सवाल उठा रहे हैं। विपक्ष इस प्रक्रिया को रद्द करने और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग कर रहा है।
शशि थरूर बोले- संदेश महत्वपूर्ण है
बैठक में शामिल होने पहुंचे कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने कहा कि वह उस समय बैठक में जा रहे थे और बैठक के परिणाम पर पहले से टिप्पणी करना उचित नहीं होगा। हालांकि, उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि बैठक के जरिए दिया जाने वाला संदेश महत्वपूर्ण है और इसके लिए लगातार प्रयास किए जाने चाहिए।
पीयूष गोयल ने राहुल गांधी पर किया पलटवार
विपक्ष के प्रदर्शन के बीच केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने राहुल गांधी पर निशाना साधा। उन्होंने राहुल गांधी को कांग्रेस की लगातार चुनावी हार के लिए जिम्मेदार ठहराते हुए उन्हें पार्टी का सबसे बड़ा ‘रेड फ्लैग’ बताया।पीयूष गोयल ने राहुल गांधी को दस सवालों के जवाब देने की चुनौती भी दी। उनके इस बयान से चुनाव आयोग के मुद्दे पर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच राजनीतिक टकराव और तेज होने के संकेत मिले।
SIR और CEC के इस्तीफे पर बढ़ा राजनीतिक टकराव
चुनाव आयोग की SIR प्रक्रिया को लेकर कांग्रेस और INDI गठबंधन के अन्य दल लगातार विरोध दर्ज करा रहे हैं। विपक्ष का आरोप है कि इस प्रक्रिया से मतदाताओं के अधिकार प्रभावित हो सकते हैं। इसी मुद्दे पर गठबंधन मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग कर रहा है।दूसरी ओर, भाजपा नेता राहुल गांधी के नेतृत्व और विपक्ष की रणनीति पर सवाल उठा रहे हैं। ऐसे में SIR, चुनाव आयोग की भूमिका और लोकतांत्रिक अधिकारों को लेकर राजनीतिक बहस तेज होती दिख रही है।फिलहाल, INDI गठबंधन ने आंदोलन जारी रखने का संकेत दिया है। आने वाले दिनों में विपक्ष की अगली रणनीति और जंतर-मंतर पर प्रस्तावित प्रदर्शन पर राजनीतिक हलकों की नजर रहेगी।

No Previous Comments found.