राजस्थान में वोटर लिस्ट विवाद: कांग्रेस का आरोप, SIR के जरिए हटाए जा रहे विपक्षी समर्थकों के नाम
जयपुर:
राजस्थान में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (Special Intensive Revision – SIR) को लेकर सियासी घमासान तेज हो गया है। कांग्रेस ने भाजपा सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि इस प्रक्रिया के जरिए विपक्ष समर्थकों के नाम जानबूझकर मतदाता सूची से हटाए जा रहे हैं।
कांग्रेस का दावा है कि इस कदम से लाखों मतदाता अपने मताधिकार से वंचित हो सकते हैं।
45 लाख मतदाता ASD श्रेणी में डाले गए: कांग्रेस
कांग्रेस के अनुसार, राज्य में करीब 45 लाख मतदाताओं को ASD (Absent, Shifted, Dead) यानी अनुपस्थित, स्थानांतरित या मृत की श्रेणी में डाल दिया गया है।
पार्टी का कहना है कि इनमें बड़ी संख्या ऐसे लोगों की है, जो जीवित हैं और अपने पते पर ही रह रहे हैं, लेकिन फिर भी उनका नाम मतदाता सूची से हटाए जाने की आशंका है।
कांग्रेस का आरोप
कांग्रेस नेताओं ने कहा कि—
SIR प्रक्रिया का इस्तेमाल राजनीतिक फायदे के लिए किया जा रहा है
विपक्ष समर्थकों को निशाना बनाया जा रहा है
गरीब, ग्रामीण और अल्पसंख्यक मतदाताओं के नाम अधिक प्रभावित हो रहे हैं
पार्टी ने इसे लोकतंत्र पर सीधा हमला बताया है।
चुनाव आयोग से हस्तक्षेप की मांग
कांग्रेस ने चुनाव आयोग से मांग की है कि—
SIR प्रक्रिया की निष्पक्ष जांच कराई जाए
जिन मतदाताओं के नाम ASD में डाले गए हैं, उन्हें पूरा मौका दिया जाए
किसी भी योग्य मतदाता का नाम बिना सत्यापन हटाया न जाए
पार्टी ने चेतावनी दी है कि अगर यह प्रक्रिया नहीं रोकी गई तो राज्यभर में आंदोलन किया जाएगा।
क्यों अहम है यह मामला
राजस्थान में आगामी चुनावों को देखते हुए यह मुद्दा बेहद संवेदनशील माना जा रहा है। मतदाता सूची से नाम हटना सीधे तौर पर चुनावी परिणामों को प्रभावित कर सकता है, यही वजह है कि यह मामला अब राजनीतिक बहस के केंद्र में आ गया है।


No Previous Comments found.