नारी शक्ति वंदन अधिनियम के मुद्दे पर विरोध में मतदान करने पर राजनीतिक माहौल गरमाया
सहरसा : नारी शक्ति वंदन अधिनियम को लेकर राजनीतिक माहौल गरमा गया है। भाजपा जिला उपाध्यक्ष राजीव रंजन साह ने कांग्रेस, समाजवादी पार्टी समेत इंडी गठबंधन के दलों पर तीखा हमला बोलते हुए आरोप लगाया कि इन दलों ने लोकसभा में बिल के विरोध में मतदान कर यह स्पष्ट कर दिया है कि वे संसद और विधानसभाओं में महिलाओं को आरक्षण देने के पक्ष में नहीं हैं। श्री साह ने कहा कि विपक्षी दल “पुरुषवादी सोच” से ग्रसित हैं और नहीं चाहते कि देश की महिलाओं को समान अधिकार और प्रतिनिधित्व मिले। उन्होंने कहा कि भाजपा शुरू से ही महिला सशक्तिकरण और महिला आरक्षण के पक्ष में रही है तथा पार्टी इस दिशा में अपनी प्रतिबद्धता को हर हाल में पूरा करेगी। उन्होंने दावा किया कि देश की नारी शक्ति अब जागरूक हो चुकी है और विपक्ष के इस रुख को भलीभांति समझ रही है।भाजपा नेता ने लोकसभा में संविधान (131वां संशोधन) विधेयक-2026 के पारित न हो पाने पर गहरी निराशा जताते हुए कहा कि यह केवल एक विधेयक का रुकना नहीं, बल्कि देश की करोड़ों महिलाओं के सपनों, आकांक्षाओं और उनके सशक्त भविष्य के विश्वास को ठेस पहुँचाने जैसा है। उन्होंने कहा कि महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण देने का यह ऐतिहासिक अवसर विपक्ष की वजह से अधूरा रह गया, जो बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है।
उन्होंने कांग्रेस, टीएमसी, डीएमके और समाजवादी पार्टी पर निशाना साधते हुए कहा कि इन दलों का रवैया उनकी “संकीर्ण और महिला विरोधी मानसिकता” को दर्शाता है। श्री साह ने कहा कि यह पहली बार नहीं है जब महिला आरक्षण जैसे महत्वपूर्ण प्रयासों को रोका गया है, लेकिन अब देश की महिलाएं सब देख और समझ रही हैं। उन्होंने चेतावनी भरे लहजे में कहा कि नारी शक्ति का यह आक्रोश आने वाले समय में राजनीतिक रूप से असर दिखाएगा। श्री साह ने विपक्ष पर तीखा हमला करते हुए कहा कि उन्होंने केवल एक बिल नहीं रोका, बल्कि करोड़ों महिलाओं की उम्मीदों को ठुकराया है। उन्होंने कहा, “आज जिन महिलाओं के सपनों को रोका गया है, वही नारी कल बदलाव की ताकत बनेगी और इतिहास लिखेगी।” उन्होंने विपक्षी दलों से देश की महिलाओं से माफी मांगने की मांग भी की।आगे उन्होंने बताया कि भाजपा इस मुद्दे को लेकर 20 अप्रैल को पटना के गांधी मैदान से एक विशाल आक्रोश मार्च निकालेगी, जिसमें लगभग 50 हजार महिलाओं की भागीदारी का लक्ष्य रखा गया है। इस मार्च के माध्यम से महिला आरक्षण के समर्थन में जनजागरण किया जाएगा और विपक्ष के रुख के खिलाफ आवाज बुलंद की जाएगी। उन्होंने कहा कि सहरसा जिले से भी बड़ी संख्या में महिलाएं इस आक्रोश मार्च में शामिल होंगी।भाजपा नेता ने विश्वास जताया कि देश की नारी शक्ति आने वाले समय में अपने अधिकारों के प्रति और अधिक सजग होकर ऐसे निर्णयों का जवाब देगी तथा महिला सशक्तिकरण की दिशा में भाजपा के प्रयासों को समर्थन देगी।
रिपोर्टर : अजय कुमार


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