2047 तक 5 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाने का लक्ष्य, शिक्षा-स्वास्थ्य और महिला सशक्तिकरण पर विशेष फोकस

गडचिरोली : वर्ष 2047 तक विकसित भारत के निर्माण के प्रधानमंत्री Narendra Modi के विजन को साकार करने के लिए महाराष्ट्र सरकार शिक्षा, स्वास्थ्य, कौशल विकास, महिला सशक्तिकरण और समावेशी मानव विकास के पांच प्रमुख स्तंभों पर विशेष जोर दे रही है। यह बात महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री Devendra Fadnavis ने नीति आयोग की गवर्निंग काउंसिल की बैठक में कही।

राष्ट्रपति भवन के सांस्कृतिक केंद्र में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में मुख्यमंत्री फडणवीस ने ‘विकसित महाराष्ट्र-2047’ का विस्तृत रोडमैप प्रस्तुत किया। उन्होंने कहा कि देश की जीडीपी में लगभग 14 प्रतिशत योगदान देने वाला महाराष्ट्र भारत की आर्थिक शक्ति का प्रमुख केंद्र है और राज्य को वर्ष 2047 तक 5 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि महाराष्ट्र वर्ष 2030 तक 1 ट्रिलियन डॉलर, 2035 तक 2 ट्रिलियन डॉलर और 2047 तक 5 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। इसके लिए सभी विभागों को वर्ष 2029-30 तक के लिए विस्तृत कार्ययोजनाएं तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं।
आकांक्षी जिलों और तालुकों के विकास पर विशेष ध्यान
फडणवीस ने कहा कि राज्य में आकांक्षी जिलों की संख्या 4 से बढ़ाकर 10 और आकांक्षी तालुकों की संख्या 27 से बढ़ाकर 177 कर दी गई है। इन क्षेत्रों में शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और बुनियादी सुविधाओं के विस्तार के लिए विशेष योजनाएं लागू की जा रही हैं।
शिक्षा में बड़े बदलाव, बनेगी देश की पहली ‘एज्युसिटी’
मुख्यमंत्री ने बताया कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 को पूर्ण रूप से लागू करने वाला महाराष्ट्र देश का पहला राज्य बन गया है। शिक्षा व्यवस्था में एआई, रोबोटिक्स, डेटा साइंस, ब्लॉकचेन, इंटर्नशिप और कौशल आधारित पाठ्यक्रमों को शामिल किया जा रहा है। साथ ही, नवी मुंबई अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के निकट देश की पहली विश्वस्तरीय ‘एज्युसिटी’ विकसित की जा रही है, जो देश-विदेश के विद्यार्थियों को आकर्षित करेगी।
स्टार्टअप और कौशल विकास को मिलेगा नया आयाम
राज्य सरकार अगले पांच वर्षों में 1.25 लाख उद्यमी तैयार करने और 50 हजार स्टार्टअप्स को प्रोत्साहन देने की योजना पर काम कर रही है। महाराष्ट्र देश में राष्ट्रीय अप्रेंटिसशिप प्रोत्साहन योजना में पहले स्थान पर है, जहां 3.30 लाख से अधिक प्रशिक्षु पंजीकृत हैं। युवाओं को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर रोजगार उपलब्ध कराने के लिए ‘महाराष्ट्र एजेंसी फॉर होलिस्टिक इंटरनेशनल मोबिलिटी’ की स्थापना भी की जाएगी।
स्वास्थ्य सेवाओं का होगा व्यापक विस्तार
आयुष्मान भारत और महात्मा ज्योतिराव फुले जनआरोग्य योजना के तहत उपचार पैकेजों की संख्या बढ़ाकर 2,399 कर दी गई है। राज्य में 4,537 अस्पताल इन योजनाओं से जुड़े हुए हैं। इसके अलावा 11 नए सरकारी मेडिकल कॉलेजों का निर्माण कार्य जारी है और ‘मेडिसिटी’ परियोजना के माध्यम से चिकित्सा शिक्षा, अनुसंधान और स्वास्थ्य सेवाओं को एकीकृत किया जा रहा है।
महिला सशक्तिकरण को नई ताकत
मुख्यमंत्री ने बताया कि उमेद अभियान के तहत राज्य में 50 लाख से अधिक महिलाएं ‘लखपति दीदी’ बन चुकी हैं और इस संख्या को एक करोड़ तक पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है। वहीं ‘लाडकी बहिण’ योजना के तहत 1.66 करोड़ महिलाएं लाभान्वित हो रही हैं, जिससे महिलाओं की आर्थिक आत्मनिर्भरता और उद्यमिता को बढ़ावा मिला है।
गडचिरोली बनेगा देश का बड़ा स्टील हब
बैठक में गडचिरोली जिले के लिए विशेष विकास योजना का भी उल्लेख किया गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि नक्सल प्रभावित क्षेत्रों के समग्र विकास के लिए विशेष कार्ययोजना लागू की जा रही है। जिले में आधारभूत सुविधाओं, शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार के अवसरों का विस्तार किया जा रहा है। साथ ही गडचिरोली को देश का पहला बड़ा इंटीग्रेटेड स्टील हब बनाने की दिशा में तेजी से काम चल रहा है।
पर्यटन और उद्योग क्षेत्र में भी बड़ी तैयारी
राज्य सरकार ‘एक राज्य-एक वैश्विक पर्यटन स्थल’ योजना के तहत सिंधुदुर्ग और नासिक को अंतरराष्ट्रीय पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित करेगी। वहीं महाराष्ट्र उद्योग, निवेश एवं सेवा नीति-2025 के तहत 20.3 लाख करोड़ रुपये के निवेश की संभावित परियोजनाएं तैयार की गई हैं। वर्तमान में राज्य में 63.85 लाख से अधिक एमएसएमई इकाइयां संचालित हैं, जो 2.5 करोड़ से अधिक लोगों को रोजगार उपलब्ध करा रही हैं।
बैठक के अंत में मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने विकसित भारत-2047 के लक्ष्य को हासिल करने के लिए केंद्र और राज्यों के संयुक्त प्रयासों की आवश्यकता पर बल देते हुए महाराष्ट्र की पूर्ण प्रतिबद्धता दोहराई।

रिपोर्टर : चंद्रशेखर पुलगम

Leave a Reply



comments

Loading.....
  • No Previous Comments found.