वरिष्ठता का सम्मान 50 वर्षों से अधिक समय से विधि सेवा में समर्पित वरिष्ठ अधिवक्ता सम्मानित

औरंगाबाद  : अंतर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस के अवसर पर जिला विधिक सेवा प्राधिकार, औरंगाबाद द्वारा विशेष सम्मान-सह-प्रोत्साहन समारोह आयोजित वरिष्ठता का सम्मान देना का नही, आशीर्वाद प्राप्त करने का दिन है।” –प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश अंतर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस के गरिमामय अवसर पर श्रीमान प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश के मार्गदर्शन से पहली बार जिला विधिक सेवा प्राधिकार, औरंगाबाद के तत्वावधान में व्यवहार न्यायालय परिसर, औरंगाबाद में 50 वर्षों अथवा उससे अधिक समय से निरंतर विधि व्यवसाय एवं न्याय की सेवा में समर्पित वरिष्ठ अधिवक्ताओं के सम्मान में विशेष सम्मान-सह-प्रोत्साहन समारोह का आयोजन किया गया।
 
कार्यक्रम का उद्देश्य उन वरिष्ठ अधिवक्ताओं के दीर्घकालीन योगदान, विधिक अनुभव, समर्पण एवं न्याय के प्रति उनकी प्रतिबद्धता के प्रति सम्मान एवं कृतज्ञता व्यक्त करना था, जिन्होंने अपने जीवन के महत्वपूर्ण वर्षों को विधि एवं न्याय व्यवस्था की सेवा में समर्पित किया है।
इस अवसर पर प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश-सह-अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकार, औरंगाबाद, श्री राजीव रंजन कुमार ने वरिष्ठ अधिवक्ताओं को अंगवस्त्र एवं सम्मान-पत्र प्रदान कर सम्मानित किया।
न्यायिक पदाधिकारियों की गरिमामयी उपस्थिति
इस सम्मान समारोह में व्यवहार न्यायालय, औरंगाबाद के न्यायिक पदाधिकारियों की गरिमामयी उपस्थिति रही। न्यायिक पदाधिकारियों की उपस्थिति ने समारोह की गरिमा को और बढ़ाया तथा न्यायपालिका एवं अधिवक्ता समुदाय के बीच सम्मान एवं सौहार्द की भावना को प्रदर्शित किया।इस अवसर पर प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश-सह-अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकार, औरंगाबाद , श्री राजीव रंजन कुमार ने कहा कि“50 वर्षों या उससे अधिक समय तक निरंतर न्याय की सेवा में लगे रहना निष्ठा, धैर्य और समर्पण की अनूठी मिसाल है। हमारे वरिष्ठ अधिवक्ताओं का लंबा अनुभव और कानूनी समझ समाज की अमूल्य धरोहर है। आज उनका सम्मान करना केवल उनके व्यक्तित्व का सम्मान नहीं, बल्कि विधि, न्याय और समाज के प्रति उनके दीर्घकालीन योगदान का सम्मान है।”
 
उन्होंने कहा कि वरिष्ठ अधिवक्ताओं ने अपने जीवन के बहुमूल्य वर्षों को न्याय के प्रति समर्पित किया है। उन्होंने न्यायालय में पक्षकारों के अधिकारों की पैरवी करने के साथ-साथ विधि की गरिमा, न्याय के मूल्यों तथा अधिवक्ता के कर्तव्यों की परंपरा को भी मजबूत किया है।
उन्होंने कहा कि “आज की युवा पीढ़ी को वरिष्ठ अधिवक्ताओं के कार्य के प्रति समर्पण, अनुशासन, विधिक ज्ञान एवं नैतिक मूल्यों से प्रेरणा लेनी चाहिए। वरिष्ठ अधिवक्ताओं का अनुभव युवा अधिवक्ताओं के लिए ऐसी पूंजी है, जिसका कोई विकल्प नहीं हो सकता।”
कार्यक्रम के आयोजन एवं संचालन में सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकार, औरंगाबाद, श्रीमती तन्या पटेल की महत्वपूर्ण भूमिका रही। उनके मार्गदर्शन में वरिष्ठ अधिवक्ताओं से संबंधित आवश्यक विवरण संकलित किए गए तथा सम्मान समारोह की व्यवस्थाओं को व्यवस्थित रूप से सुनिश्चित किया गया। श्रीमती तन्या पटेल ने कहा कि वरिष्ठ अधिवक्ताओं का अनुभव विधिक समुदाय की अमूल्य विरासत है। उन्होंने कहा कि ऐसे वरिष्ठ विधिज्ञों को सम्मानित करना युवा अधिवक्ताओं एवं विधि के विद्यार्थियों को न्याय के प्रति समर्पण, अनुशासन और नैतिक मूल्यों की प्रेरणा देने का महत्वपूर्ण माध्यम है।
 
समारोह में निम्नलिखित वरिष्ठ अधिवक्ताओं को उनके दीर्घकालीन विधिक सेवा एवं अनुभव के लिए सम्मानित किया गया— श्री सूर्यनारायण सिंह, श्री सुरेन्द्र प्रसाद सिंह, श्री बागेश्वरी प्रसाद, श्री राजनन्दन सिंह, श्री शिवनन्दन प्रसाद सिंह, श्री अवध किशोर प्रसाद सिंह, श्री राम नरेश प्रसाद, श्री कुमार योगेन्द्र नारायण सिंह, श्री राम किशोर सिंह, श्री रामेश्वर प्रसाद सिंह, श्री सुरेन्द्र तिवारी, श्री अंगद प्रसाद सिंह, श्री पुष्कर अग्रवाल, श्री चन्द्रशेखर शर्मा, श्री राम किशोर शर्मा, , श्री योगेन्द्र प्रसाद योगी, श्री देवेन्द्र कुमार शर्मा,  श्री राम विलास सिंह, श्री महेन्द्र प्रसाद सिंह, श्री बैजनाथ प्रसाद कर्ण, श्री रामेश्वर प्रसाद सिंह, श्री तिलक यादव, देवन्द्र कुमार शर्मा एवं श्री राम नरेश यादव।सम्मानित वरिष्ठ अधिवक्ताओं ने अपने दीर्घकालीन विधिक अनुभव एवं न्यायिक जीवन से जुड़े संस्मरण साझा किए तथा इस सम्मान समारोह के आयोजन के लिए जिला विधिक सेवा प्राधिकार के प्रति आभार व्यक्त किया।
 
कार्यक्रम में उपस्थित न्यायिक पदाधिकारियों, वरिष्ठ अधिवक्ताओं एवं अन्य उपस्थित गणमान्य व्यक्तियों के बीच आत्मीय संवाद हुआ। समारोह ने न्यायिक पदाधिकारियों एवं अधिवक्ता समुदाय के बीच आपसी सम्मान, सहयोग एवं सौहार्द की भावना को और सुदृढ़ किया।
जिला विधिक सेवा प्राधिकार द्वारा आयोजित इस सम्मान समारोह का उद्देश्य वरिष्ठ अधिवक्ताओं को सम्मानित करने के साथ-साथ विधिक क्षेत्र में वरिष्ठता, अनुभव एवं परंपरा के सम्मान की भावना को मजबूत करना तथा युवा पीढ़ी को उनसे प्रेरणा लेने के लिए प्रोत्साहित करना भी था।
कार्यक्रम के अंत में सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकार, औरंगाबाद, सुश्री तन्या पटेल द्वारा उपस्थित सभी वरिष्ठ अधिवक्ताओं, न्यायिक पदाधिकारियों, अधिवक्ताओं एवं अन्य गणमान्य व्यक्तियों के प्रति आभार व्यक्त किया गया।
 
विधिक जागरूकता का आयोजन    
बिहार राज्य विधिक सेवा प्राधिकार, पटना के निर्देश के आलोक में जिला विधिक सेवा प्राधिकार, औरंगाबाद द्वारा आज अंतर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस के अवसर पर वरिष्ठ नागरिकों के लिए विधिक जागरूकता एवं स्वास्थ्य जाँच कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम का आयोजन स्वास्थ्य विभाग के समन्वय से भारतीय रेड क्रॉस सोसाइटी, सदर अस्पताल परिसर, औरंगाबाद में किया गया। शिविर में वृद्धजनों के स्वास्थ्य एवं चिकित्सा संबंधी जाँच की व्यवस्था की गई तथा उन्हें उनके विधिक अधिकारों, उपलब्ध निःशुल्क विधिक सेवाओं एवं विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान की गई।
 
रिपोर्टर : रमाकांत सिंह

Leave a Reply



comments

Loading.....
  • No Previous Comments found.