बधरा में आकाशीय बिजली का कहर, भैंस की मौत से किसान पर टूटा आर्थिक संकट
रीवा : रिमझिम बारिश के बीच गिरी बिजली ने छीना पशुधन, हजारों का नुकसान,पीड़ित पशुपालक ने प्रशासन से मुआवजे की लगाई गुहार। दरअसल पूरा मामला रीवा जिले के सिरमौर जनपद क्षेत्र अंतर्गत ग्राम पंचायत बधरा से है जहां पर प्राकृतिक आपदा ने एक पशुपालक परिवार की कमर तोड़ दी। रिमझिम बारिश के बीच अचानक गिरी आकाशीय बिजली की चपेट में आने से राहुल द्विवेदी की एक भैंस की मौके पर ही मौत हो गई। पशुधन के अचानक खत्म होने से परिवार के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है।
बारिश के बीच अचानक गिरी बिजली,मौके पर ही दम तोड़ गई भैंस
बताया गया कि राहुल द्विवेदी का भाई भैंसों को चराने के लिए लेकर गया था। इसी दौरान मौसम अचानक बिगड़ गया और रिमझिम बारिश शुरू हो गई। बारिश के बीच अचानक तेज आकाशीय बिजली गिरी, जिसकी चपेट में एक भैंस आ गई। बिजली गिरने से भैंस ने मौके पर ही दम तोड़ दिया।
हादसे के बाद परिवार में मातम का माहौल है। पशुपालक के लिए भैंस महज एक पशु नहीं थी,बल्कि परिवार की आय का महत्वपूर्ण साधन थी।ऐसे में अचानक हुई मौत ने परिवार को आर्थिक रूप से बड़ा झटका दिया है।
प्राकृतिक आपदा ने बढ़ाई परेशानी,अब प्रशासन से राहत की उम्मीद
पीड़ित पशुपालक राहुल द्विवेदी ने प्रशासन से मांग की है कि घटना स्थल का निरीक्षण कराया जाए और नियमानुसार पंचनामा कार्रवाई की जाए। साथ ही उन्होंने शासकीय प्रावधानों के तहत मिलने वाली राहत एवं मुआवजा राशि शीघ्र उपलब्ध कराने की मांग की है।
पीड़ित का कहना है कि पशुधन के नुकसान की भरपाई उसके लिए आसान नहीं है। ऐसे में प्रशासन की ओर से मिलने वाली आर्थिक सहायता ही परिवार को इस संकट से उबरने में कुछ राहत दे सकती है।
ग्रामीण बोले—आपदा की मार झेल रहे पशुपालकों को मिले तत्काल राहत
घटना के बाद ग्रामीणों ने भी प्रशासन से पीड़ित परिवार को जल्द राहत देने की मांग उठाई है। ग्रामीणों का कहना है कि गरीब और मध्यमवर्गीय परिवारों के लिए एक पशु की मौत भी बड़ा आर्थिक नुकसान होती है। प्राकृतिक आपदा में पशुधन गंवाने वाले किसानों और पशुपालकों को सरकारी प्रावधानों के तहत बिना अनावश्यक देरी के राहत मिलनी चाहिए।
अब देखना यह होगा कि प्रशासन इस घटना का संज्ञान लेकर कब तक मौके पर जांच और पंचनामा कार्रवाई कराता है और पीड़ित पशुपालक को राहत एवं मुआवजे का लाभ कब तक मिल पाता है।
रिपोर्टर : अर्जुन तिवारी
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