विकसित भारत-जी राम जी' एवं पीएम सूर्य घर योजना पर पंच सम्मेलन का हुआ सफल आयोजन

शिवहर : ​जिलाधिकारी  प्रतिभा रानी की अध्यक्षता में त्रिस्तरीय पंचायती राज संस्थाओं के माननीय सदस्यों के साथ एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक सह पंच सम्मेलन का आयोजन किया गया। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य 'विकसित भारत - जी राम जी' के तहत ग्रामीण रोजगार की गारंटी और 'पीएम सूर्य घर योजना' के प्रभावी क्रियान्वयन पर विस्तृत चर्चा करना था।

​बैठक में जिला परिषद अध्यक्ष, प्रमुख, उप-प्रमुख और मुखिया सहित त्रिस्तरीय पंचायती राज के कई जनप्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया, जिन्हें इन अति-महत्वपूर्ण महत्वकांक्षी योजनाओं के विस्तार और इसके जमीनी स्तर पर क्रियान्वयन की जानकारी दी गई।
उक्त बैठक में जिला पदाधिकारी ने 'विकसित भारत - रोजगार एवं आजीविका मिशन (ग्रामीण) अधिनियम, 2025' के तहत ग्रामीण रोजगार की नई गारंटी पर विशेष जोर दिया। उन्होंने बताया कि इस अधिनियम के लागू होने से ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार की व्यवस्था और अधिक मजबूत तथा पारदर्शी होगी।​योजना के प्रमुख प्रावधान एवं लाभ जिन पर चर्चा की गई है 

 इस अधिनियम के तहत पात्र ग्रामीण परिवारों को प्रत्येक वर्ष 125 दिनों के गारंटीकृत मजदूरी आधारित रोजगार का वैधानिक अधिकार मिलेगा। मजदूरी का भुगतान कार्य करने की तिथि से अधिकतम 15 दिनों के भीतर सुनिश्चित किया जाएगा। यह भुगतान प्रत्यक्ष लाभ अंतरण  के माध्यम से इलेक्ट्रॉनिक एवं जैव प्रमाणीकरण आधारित प्रणाली से सीधे श्रमिकों के बैंक खातों में किया जाएगा।

अधिनियम को और प्रभावी बनाने के लिए इसमें बेरोजगारी भत्ते का कड़ा प्रावधान है। यदि किसी पात्र परिवार को रोजगार की मांग करने के बाद निर्धारित समयसीमा के भीतर काम उपलब्ध नहीं कराया जाता है, तो राज्य सरकार को निर्धारित दरों के अनुसार बेरोजगारी भत्ता देना अनिवार्य होगा।

 ग्राम पंचायतों को इस अधिनियम में प्रमुख कार्यान्वयन इकाई बनाया गया है। पंचायतें ही श्रमिकों का पंजीकरण, रोजगार गारंटी कार्ड जारी करने तथा कम से कम 50 प्रतिशत कार्यों के निष्पादन की जिम्मेदारी निभाएंगी। मध्यवर्ती पंचायतें (पंचायत समिति) योजनाओं का समेकन करेंगी, जबकि जिला पंचायतें (जिला परिषद) समर्पित संचालन समिति के माध्यम से संपूर्ण निगरानी सुनिश्चित करेंगी। योजना में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए ग्राम सभा द्वारा नियमित सामाजिक अंकेक्षण  कराया जाएगा।

​जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि इन कार्यों के तहत ग्रामीण क्षेत्रों में बुनियादी आवश्यकताओं के निर्माण को प्राथमिकता दी जाएगी। मुख्य रूप से नाली निर्माण, ग्रामीण हाट, सड़कों का निर्माण, तालाबों का जीर्णोद्धार और जल संचयन जैसी महत्वपूर्ण योजनाओं पर कार्य किया जाएगा। इससे न केवल रोजगार का बड़े पैमाने पर सृजन होगा, बल्कि गांवों में आधारभूत सुविधाओं का भी तेजी से विस्तार होगा।
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बैठक के दूसरे सत्र के दौरान 'पीएम सूर्य घर योजना' की गहन समीक्षा की गई।

 जिलाधिकारी ने जनप्रतिनिधियों को इस योजना के आर्थिक लाभों से अवगत कराते हुए बताया कि "सोलर लगायें बिजली बिल बचायें" के उद्देश्य से सामान्य उपभोक्ताओं (कुटीर ज्योति/बीपीएल उपभोक्ताओं के अतिरिक्त) के लिए यह योजना लाई गई है। उन्होंने बताया कि सभी घरेलू उपभोक्ताओं को अपने घर की छत पर सोलर प्लांट लगाने हेतु भारी अनुदान का प्रावधान किया गया है।

डीएम प्रतिभा रानी ने अनुदान की विस्तृत जानकारी देते हुए बताया है कि ​1 किलोवॉट तक के सोलर प्लांट पर रु. 30,000 का अनुदान देय है, ​2 किलोवॉट तक के प्लांट पर रु. 60,000 का अनुदान देय है, ​3 किलोवॉट अथवा अधिक क्षमता के प्लांट पर अधिकतम रु. 78,000 का अनुदान देय है।

​इसके साथ ही उन्होंने यह भी बताया कि इस योजना के अंतर्गत रूफटॉप सोलर संयंत्र स्थापित करने हेतु उपभोक्ताओं के लिए आसान किस्तों पर ऋण सुविधा भी उपलब्ध कराई गई है। 

जिलाधिकारी ने विशेष जोर देते हुए कहा कि इस योजना के तहत अनुदान का यह प्रावधान 31 मार्च 2027 तक के लिए ही किया गया है। उन्होंने जनप्रतिनिधियों से कहा कि वे आम लोगों को अधिक जानकारी प्राप्त करने हेतु आधिकारिक वेबसाइट www.pmsuryaghar.gov.in पर विजिट करने या टोल-फ्री नंबर 15555 पर संपर्क करने हेतु प्रेरित करें।

​तदुपरांत, उन्होंने चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि समय के साथ प्रदूषण लगातार बढ़ रहा है और आने वाले समय में यह और अधिक गंभीर रूप ले सकता है। इसे रोकने के लिए सुधारात्मक कार्य के रूप में स्वच्छ ऊर्जा के स्रोतों का सही लाभ उठाने की नितांत आवश्यकता है। पीएम सूर्य घर योजना को अपनाने से पर्यावरण संरक्षण को भारी गति मिलेगी। 
            
जिला पदाधिकारी ने सभी से अपील की कि हमें अपनी आने वाली पीढ़ी को एक स्वच्छ और प्रदूषण रहित वातावरण देने की जिम्मेदारी निभानी चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि हर घर पर सोलर पैनल का अधिष्ठापन पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक बहुत बड़ी पहल है, जिसके प्रति आम जनमानस को जागरूक करना सभी जनप्रतिनिधियों का परम दायित्व है।
          
 ​बैठक के अंत में सभी जनप्रतिनिधियों ने जिला प्रशासन के साथ कदम से कदम मिलाकर इन योजनाओं को शिवहर जिले में शत-प्रतिशत सफल बनाने का संकल्प लिया।

रिपोर्टर : संजय गुप्ता 

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